top of page
Search
  • alpayuexpress

12 सितंबर से 23 अक्टूबर आयुर्वेद दिवस!...प्राचार्या सहित 200 छात्राओं का हुआ स्वास्थ्य परीक्षण

गाजीपुर/उत्तर प्रदेश


12 सितंबर से 23 अक्टूबर आयुर्वेद दिवस!...प्राचार्या सहित 200 छात्राओं का हुआ स्वास्थ्य परीक्षण


किरण नाई वरिष्ठ पत्रकार


गाजीपुर। हर दिन हर घर आयुर्वेद कार्यक्रम जो की 12 सितंबर से 23 अक्टूबर आयुर्वेद दिवस तक आयुष मंत्रालय भारत सरकार एवं आयुष विभाग उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा मनाया जा रहा है। इसके अंतर्गत जिले के जिला आयुर्वेद एवं यूनानी अधिकारी के सौजन्य से गुरूवार को राजकीय महिला महाविद्यालय में कार्यक्रम आयोजित हुआ। राजकीय आयुर्वेद चिकित्सालय नगर और फतेपुर अटवा से आए चिकित्सक डॉ सुजीत कुमार, डॉ कुमारी वंदना और डॉ लवी अग्रवाल ने राजकीय महिला पीजी कॉलेज की लगभग 200 छात्राओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया। इस दौरान उन्हें विभिन्न आयुर्वेदिक औषधियां एवं जीवन रक्षक किट भी वितरित किया। डॉ लवी अग्रवाल एवं डॉ वंदना ने छात्राओं को आयुर्वेदिक आहार पद्धति को अपनाने के लिए जागरूक किया, साथ ही किशोरावस्था में होने वाली विभिन्न बीमारियों के प्रति जागरूक किया एवं उससे बचने का उपाय बताया। इस कार्यक्रम में नम्रता तिवारी योग इंस्ट्रक्टर ने बच्चो को योग कराया और योग के माध्यम से मानसिक और शारीरिक दोनो तरह की बीमारियों से बचने का उपाय बताया। कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए प्राचार्य प्रोफेसर डॉ सविता भारद्वाज ने छात्राओं को योग आधारित जीवन पद्धति को अपनाने पर बल दिया। इस अवसर पर उन्होंने अपना स्वयं का स्वास्थ्य परीक्षण कराया

कार्यक्रम में एनीमिया से बचने के लिए देसी गुड, केला, पालक, चने, चकंदर, मुनक्का व काले तिल का प्रयोग करने हेतु जागरूक किया। महिलाओं में लाइफ स्टाइल की वजह से होने वाली बीमारी पीसीओडी से बचाव हेतु नियमित योग, junk food का परित्याग, नियमित दिनचर्या एवं ऋतुचर्या का पालन करने के लिए छात्राओ को प्रेरित करते हुए बताया कि मोटे अनाजों का प्रयोग जैसे ज्वार, बाजरा, जोहनरी, चना, मूंग की दाल, मसूर की दाल का नियमित प्रयोग करे। मोटे अनाजों का प्रयोग करने से डायबिटीज, हाइपरटेंशन, मोटापा, स्ट्रॉक (stroke) जैसी बीमारियों से बचा जा सकता है।

प्रोसेस्ड एवं जंक फूड का इस्तेमाल बिलकुल न करने पे जोर दिया। छात्राओं से कहा कि सेंधा नमक का प्रयोग नियमित करने से किड़नी एवं ब्लड प्रेशर जैसी बीमारियों का खतरा कम हो जाता है। कार्यक्रम का संयोजन एवं समन्वय रेंजर प्रभारी डॉ शिवकुमार ने किया तथा डॉ राजेश कुमार यादव, डॉ शिखा सिंह एवं डॉ नेहा कुमारी ने सक्रिय सहयोग प्रदान किया। इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी गण एवं महाविद्यालय के प्राध्यापक-कर्मचारी एवं उत्साहित छात्राएं उपस्थित रहीं।


1 view0 comments

Comments


bottom of page